चकेरी इंस्पेक्टर का नया मामला आया सामने रेप पीड़िता से कहा- रेप की 'डर्टी पिक्चर' बताओ।

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दूरदर्शन न्यूज़ 247/मोहम्मद हाशिम इंडिया हेड

(विस्तार)

कानपुर। उत्तर प्रदेश  की योगी सरकार पुलिसकर्मियों के रवैये में सुधार लाने का प्रयास कर रही है। लेकिन वर्दी के नशे में चूर पुलिस किसी भी हद तक जाने में कोई परहेज नहीं कर रही है । ऐसा ही एक मामला यूपी के कानपुर  से सामने आया है। यहां चकेरी थाना प्रभारी अमित तोमर पर एक गैंगरेप पीड़िता ने अश्लील सवाल पूछने का आरोप लगाया है। इस मामले में एसीपी कैंट ने मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया था, लेकिन अपने रौब के आगे इंस्पेक्टर ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। पुलिस आयुक्त असीम अरुण के आदेश पर अब मुकदमा दर्ज हुआ और जांच के आदेश दिए गये हैं... अब सीएम योगी आदित्यनाथ के नारी सशक्तीकरण अभियान को एक बार फिर इस तरह की हरकत ने शर्मसार कर दिया है। 

पीड़िता के मुताबिक, उसके घर के पास एक युवक बच्चों को ट्यूशन पढ़ाने आता था। आरोप है कि 14 जून को युवक उन्हें अगवा कर उन्नाव ले गया। जहां दो अन्य साथियों के साथ मिलकर आरोपी ने रेप की घटना को अंजाम दिया। इसके बाद उसे सात दिनों तक बंधक बनाकर रखा। इतना ही नहीं उसका अश्लील वीडियो भी बना लिया गया। महिला का आरोप है कि इसकी शिकायत उसने पुलिस से कर दी, लेकिन आरोपियों ने पुलिस से साठगांठ कर ली। इसके बाद से आरोपी युवक लगातार उसका वीडियो वायरल करने की धमकी देकर शिकायत वापस लेने का दबाव बनाने लगे और पुलिस की मिलीभगत से जबरदस्ती समझौता करा दिया।

दुष्कर्म पीड़िता से पूछे अश्लील सवाल

पीड़िता का कहना है कि एसीपी कैंट को आपबीती सुनाई तो उन्होंने चकेरी थाना प्रभारी अमित तोमर के पास केस दर्ज करने का आदेश भेजा। पीड़िता जब थाने पहुंची तो थाना प्रभारी ने उसे अकेले कमरे में बुलाया और दुष्कर्म कहां, कैसे और किस तरह हुआ, जैसे सवाल कर इसे डिटेल में बताने को कहा। इसके अलावा अश्लील कई कमेंट भी किये। आरोप है कि वह अश्लील सवालों से परेशन होकर थाने से लौट आई। वहीं महिला के बयान का वीडियो वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ा।

 पुलिस आयुक्त ने जांच का दिया आदेश

पुलिस आयुक्त असीम अरुण ने बताया कि पीड़ित महिला की एफआईआर दर्ज कर ली गई है। एक वीडियो में महिला से थाना प्रभारी द्वारा गलत तरीके से बयान लिये जाने की बात कही गई। इसकी तीन दिन के अंदर जांच के आदेश दिये गये हैं। आरोप सच निकला तो कार्रवाई की जाएगी। एसीपी छावनी अशोक कुमार ने कहा कि पीड़िता आई थी। मैंने एसओ को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया था। लेकिन आगे क्या हुआ इसकी जानकारी नहीं है।